Ranchi: जेपीएसपी और जेएसएससी परीक्षाओं में पेपर लीक, OMR लीक और सेटिंग के विरोध में हुए छात्र आंदोलन के दौरान दर्ज एफआईआर को रद्द करने की मांग तेज हो गई है. JPSC/JSSC Reform Manch के अनशनकारी राहुल क्रांति ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पत्र सौंप कर तीन सूत्री मांग रखी है. पत्र में कहा गया है कि छात्रों ने 26 दिन तक लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से आंदोलन किया था. इसी दौरान और उसके बाद छात्रों की आवाज दबाने के लिए राज्य के विभिन्न थानों में एफआईआर दर्ज की गई. माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा अन्य राज्यों में छात्र आंदोलन पर दर्ज एफआईआर तत्काल रद्द करने के आदेश के बावजूद झारखंड में एफआईआर रद्द नहीं हुई है. ज्ञापन की प्रतियां झारखंड के मुख्य सचिव और डीजीपी को भी आवश्यक कार्रवाई के लिए भेजी गई हैं.
छात्रों की प्रमुख मांगें
आंदोलन के दौरान राज्य के विभिन्न थानों में छात्रों के खिलाफ दर्ज की गई सभी प्राथमिकियों (FIR) को तत्काल प्रभाव से वापस लिया जाए.
शांतिपूर्ण प्रदर्शन के दौरान छात्रों को दौड़ा-दौड़ाकर पीटने वाले पुलिसकर्मियों और जेएमएम कार्यकर्ताओं पर प्राथमिकी दर्ज कर सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए.
वर्ष 2014 से लेकर अब तक जेपीएससी एवं जेएसएससी की परीक्षाओं में हुई तमाम धांधलियों की उच्च स्तरीय जांच केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (CBI) से कराने की मांग की गई है.
