Ranchi: नाबालिग को नौकरी दिलाने के बहाने बंगाल से बेंगलुरु ले जा रहे तस्कर को हटिया स्टेशन पर आरपीएफ ने गिरफ्तार किया है. ऑपरेशन आहट के तहत हटिया रेलवे स्टेशन पर मानव तस्करी एवं बाल श्रम के विरुद्ध एक विशेष अभियान चलाया गया. अभियान के दौरान हटिया रेलवे स्टेशन के मुख्य द्वार पर जांच के क्रम में तीन नाबालिग लड़के एवं एक संदिग्ध को रोका गया. तीनों नाबालिग बंगाल के पुरुलिया जिले क झालदा जिले के चटरान चेक्या का रहने वाला है. वही संदिग्ध तस्कर नयन कुमार बंगाल के ही ओल्ड पुरुलिया का रहने वाला है. पूछताछ में नाबालिगों ने बताया कि नयन कुमार उन्हें नौकरी दिलाने के बहाने बेंगलुरु ले जा रहा था. वे ट्रेन संख्या 18367 से हटिया से SMVT बेंगलुरु जाने वाले थे. बच्चों ने यह भी बताया कि वे पहले से आरोपी को नहीं जानते थे तथा उनके गांव से पहले भी कई बच्चों को काम के बहाने बेंगलुरु ले जाया गया है. आरोपी नयन कुमार ने पूछताछ में स्वीकार किया कि वह बेंगलुरु में निर्माण स्थलों पर मजदूर सप्लाई करता है और प्रति मजदूर 300-400 मासिक कमीशन प्राप्त करता है. वह बच्चों एवं उनके परिवारों को पैसे देकर बहला-फुसलाकर काम के लिए ले जाता था. उसके पास से 2 मोबाइल, बच्चों एवं आरोपी के आधार कार्ड की प्रतियां तथा एक रेलवे टिकट बरामद कर किया गया है. आगे की पूछताछ में आरोपी ने बताया कि वह हरिहर कुमार के निर्देश पर कार्य करता था, जो बच्चों और उनके परिवारों को पैसे देकर उन्हें काम के लिए तैयार करता था. 25 अप्रैल को आरोपी को 25,000 की राशि फोनपे के माध्यम से मिला था. आरोपी ने स्वीकार किया कि वह हरिहर कुमार के साथ मिलकर विभिन्न राज्यों से गरीब बच्चों की तस्करी में संलिप्त था. सभी 3 नाबालिग बच्चों को सकुशल रेस्क्यू के के बाद बालाश्रय भेज दिया गया. आरोपी नयन कुमार को आगे की कार्रवाई कोतवाली थाना स्थित एएचटीयू थाना को सुपुर्द किया गया.
