Ranchi: विश्व पर्यावरण दिवस पर झारखंड जगुआर ने टेंडरग्राम परिसर में वृक्षारोपण कर हरियाली का संदेश दिया. आईजी अनूप बिरथरे, डीआईजी इंद्रजीत माहथा समेत अफसरों-जवानों ने पौधे लगाए. झारखंड जगुआर पिछले 18 साल से लगातार चलाए जा रहे वृक्षारोपण अभियान से बंजर कैम्पस को हरा-भरा कर चुका है. लाखों पेड़ लगाने से परिसर का भूजल स्तर भी बढ़ा है.
आईजी ने कहा: पर्यावरण संरक्षण वक्त की जरूरत
वृक्षारोपण कार्यक्रम में आईजी झारखंड जगुआर अनूप बिरथरे ने कहा कि पर्यावरण संरक्षण वर्तमान समय की सबसे बड़ी जरूरत है. वृक्षारोपण प्राकृतिक संतुलन बनाए रखने का सबसे प्रभावी माध्यम है. उन्होंने सभी अफसरों और जवानों से ज्यादा से ज्यादा पौधे लगाने और उनके संरक्षण का आह्वान किया.
18 साल में बदली तस्वीर
झारखंड जगुआर पिछले 18 साल से विश्व पर्यावरण दिवस पर नियमित वृक्षारोपण कर रहा है. स्थापना से अब तक परिसर में लाखों पेड़ लगाए जा चुके हैं. इन सतत प्रयासों से कभी बंजर रहा झारखंड जगुआर कैम्पस आज पूरी तरह हरियाली से आच्छादित है. बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण से न सिर्फ कैम्पस सुंदर हुआ है बल्कि यहां का भूजल स्तर भी बढ़ा है.
जीवंत उदाहरण बना टेंडरग्राम कैम्पस
झारखंड जगुआर कैम्पस इस बात का जीवंत उदाहरण है कि बड़े पैमाने पर वृक्षारोपण से बंजर परिसर को हरा-भरा किया जा सकता है और भूजल स्तर में वृद्धि की जा सकती है. संगठन की पर्यावरण संरक्षण के प्रति प्रतिबद्धता साफ दिखती है.
हरित वातावरण का लिया संकल्प
कार्यक्रम में मौजूद अफसरों और जवानों ने पर्यावरण संरक्षण, स्वच्छता और हरित वातावरण बनाने के लिए सक्रिय योगदान का संकल्प लिया. झारखंड जगुआर ने कहा कि भविष्य में भी पर्यावरण संरक्षण से जुड़े जन-जागरूकता और वृक्षारोपण कार्यक्रम जारी रहेंगे.
