Ranchi: राज्य में कनिष्ठ पुलिस अधिकारियों के साथ हो रही अभद्रता, मारपीट और वर्षों से लंबित मांगों को लेकर झारखंड पुलिस एसोसिएशन ने राज्य सरकार के खिलाफ चरणबद्ध आंदोलन का बिगुल फूंक दिया है. एसोसिएशन ने मुख्यमंत्री को पत्र प्रेषित कर विधायक पर कार्रवाई करने और अपनी 9 सूत्री मांगों को जल्द पूरा करने का आग्रह किया है.
विधायक पर बदसलूकी और अभियुक्त छुड़ाने का आरोप
एसोसिएशन के अनुसार, बरवाअड्डा थाना परिसर में डुमरी विधायक और उनके समर्थकों द्वारा कनिष्ठ पुलिस पदाधिकारी के साथ अमर्यादित व्यवहार, धक्का-मुक्की और अभियुक्त को छुड़ाने का प्रयास किया गया. इस संबंध में प्राथमिकी दर्ज होने के बावजूद विधायक द्वारा सोशल मीडिया एवं प्रेस के माध्यम से पुलिस एसोसिएशन को लगातार धमकियां दी जा रही हैं. एसोसिएशन के अध्यक्ष राहुल कुमार मुर्मू ने पत्र में कहा कि यदि समय पर न्याय नहीं मिला तो पुलिसकर्मी अपने मान-सम्मान के लिए आंदोलन को बाध्य होंगे. आंदोलन से आम जनता को होने वाली दिक्कत के लिए सरकार जिम्मेदार होगी.
प्रमुख 9 सूत्री मांगें:
* आरोपी विधायक की नियमानुसार तत्काल गिरफ्तारी.
* वर्दी भत्ता, राशन भत्ता और 7वें वेतनमान के अनुरूप अन्य भत्तों का पुनरीक्षण.
* केंद्रीय पुलिस की तर्ज पर बच्चों के लिए शिक्षा भत्ता और स्वास्थ्य भत्ता.
* 10 वर्षों से अधिक समय से एक ही नक्सल प्रभावित जिले (जैसे चाईबासा, गढ़वा, पलामू) में तैनात पदाधिकारियों का स्थानांतरण.
* जनप्रतिनिधियों के अनैतिक हस्तक्षेप को रोकने के लिए कड़ा कानून.
आंदोलन की तय रूपरेखा (कार्यक्रम):
* 08 से 11 सितंबर: वर्दी पर काला-बिल्ला लगाकर कार्य.
* 19 सितंबर: 1 दिवसीय सामूहिक उपवास (चूल्हा-चौका बंद).
* 24 सितंबर: 1 दिवसीय धरना एवं ज्ञापन सौंपना.
* 05 से 10 अक्टूबर: 06 दिनों का सामूहिक अवकाश.
