Patna: NEET परीक्षा में 2-5 लाख में परीक्षार्थी के बदले स्कॉलर बैठाकर परीक्षा दिलाने वाले गिरोह के दो अपराधी को समस्तीपुर पुलिस ने गिरफ्तार किया है. गिरफ्तार आरोपी में दरभंगा जिले के लहेरियासराय थाना क्षेत्र के रहमगंज के रहने वाले रामबाबू मल्लिक और समस्तीपुर जिले के विभूतिपुर थाना क्षेत्र के बेलसंडी के रहने वाले डॉ० रंजीत कुमार का नाम शामिल है. आरोपी के पास से एक कार (BR07AP 7233), 50 हजार नगद और मोबाइल पुलिस ने बरामद किया है.
4 अप्रैल को 2 से 5 बजे तक समस्तीपुर जिले के विभिन्न परीक्षा केन्द्रों पर NEET 2025 परीक्षा निर्धारित था. कदाचार मुक्त परीक्षा के सफल संचालन के लिए संबंधित थाना के पुलिस के साथ-साथ अन्य एजेंसियों भी सर्तक रहकर निगरानी कर रही थी. इसी बीच सूचना मिली कि एक गिरोह का सक्रिय सदस्य कार (BR07AP 7233) से घुम कर परीक्षा में तकनीकी रूप से छेड़छाड़ कर मूल परीक्षार्थी के बदले फर्जी परीक्षार्थी के रूप में स्कॉलर को बैठाकर परीक्षा दिलाते है. ताकि चयन हो सके.
सूचना पर एएसपी-सह-एसडीपीओ के नेतृत्व में गठित एसआईटी की टीम तकनीकी, मानवीय सूचना के आधार पर कार (BR07AP 7233) का परीक्षा केन्द्रों के आस-पास लगातार निगरानी एवं तकनीकी साक्ष्य प्राप्त कर सत्यापन किया जा रहा था. इसी दौरान बीती रात कार को मोहनपुर पुल के पास संदिग्ध अवस्था में पकड़ कर पुछताछ किया गया. कार में चालक सीट पर रामबाबू मल्लिक एवं चालक के बगल में डॉ० रंजीत कुमार बैठा था. पुछताछ के क्रम में आरोपी ने पुलिस को बताया कि NEET 2025 परीक्षा में समस्तीपुर एवं अन्य जगहों पर मूल परीक्षार्थी के बदले दूसरे परीक्षार्थी के बैठने के लिए फोटों पहचान पत्र एवं हस्ताक्षर का नकल कर स्कॉलर को अन्य छात्र के जगह पर बैठाते है. समस्तीपुर में स्कॉलर बैठाने का सेटिंग करने की बात बताया. मोबाईल में परीक्षा से संबंधित बहुत सारे कागजात एवं परीक्षार्थियों का एडमिट कार्ड मिला है. आरोपी के व्हाट्सएप देंखने से पता चला कि अन्य के सहयोग से NEET 2025 परीक्षा संबंधित कई परीक्षार्थियों का एडमिट कार्ड, आधार कार्ड, हस्ताक्षर, फोटों आदि का आदान प्रदान किया गया है. परीक्षार्थियों से मोटी रकम लेकर स्कॉलर को 2-5 लाख रूपया देते हैं. दोनों ने पुछताछ में अपना अपराध भी स्वीकार किया है. इस संबंध में मुफ्फसिल थाना (कांड संख्या-188/2025) मामला दर्ज किया गया है. गिरफ्तार गिरोह के सदस्यों ने NEET 2025 परीक्षा में जिन जिन परिक्षार्थियों के बदले स्कॉलर को बैठाने की जानकारी दी है. उनके संबंध अनुसंधान किया जा रहा है.
