Ranchi: रांची में ब्राउन शुगर के वजन को “ढेला” कोड वर्ड खरीद-बिक्री किया जाता है. इंटरस्टेट गिरोह से जुड़े चार तस्कर को नामकुम थाना पुलिस ने गिरफ्तार किया है. हालांकि सरगना पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया. गिरफ्तार अपराधी में नामकुम थाना क्षेत्र के प्रभा भवन में रामाधार सिंह के घर किरायेदार अमनदीप कुमार, अभिषेक कुमार उर्फ टाईगर उर्फ गोलू, बेलाबगान बिस्कुट फैक्ट्री के पीछे अंकित सिंह के मकान में किरायेदार हेमन्त गुड़िया और लालपुर थाना क्षेत्र के डंगरा टोली में रहने वाले आयुष अनुज कुजूर का नाम शामिल है. आरोपी के पास से 17 पुड़िया में 10.73 ग्राम ब्राउन शुगर, 24 पुड़िया में 103.36 ग्राम गांजा, तीन आईफोन समेत चार मोबाईल, दो कार (CHEVROLET (JH01Q-8844) एवं KIA (JH05CQ-1044), विभिन्न बैंक का एटीएम कार्ड एवं चेक बुक पुलिस ने बरामद किया है.
मामले की जानकारी देते हुए नामकुम डीएसपी ने बताया कि रांची एसएसपी को गुप्त सूचना मिली कि नामकुम थाना क्षेत्र के बेलबगान स्थित राम हरि गार्डन के पास कुछ लड़कों की गतिविधि संदिग्ध है तथा उनके द्वारा कार में प्रतिबंधित मादक पदार्थ का अवैध रूप से खरीद-बिक्री किया जा रहा है. सूचना पर मुख्यालय-1 डीएसपी के नेतृत्व में छापामारी दल का गठन किया गया. छापामारी दल बेलबगान के राम हरि गार्डन के पास स्थित मैदान के पास पहुँचकर चारो तरफ से घेराबंदी किया गया. देखा गया कि कुछ लड़के दो चारपहिया वाहन में प्रतिबंधित मादक पदार्थ की खरीद-बिक्री कर रहा हैं. पुलिस बल को नजदीक आते देखकर आऱोपी भागने का प्रयास किया. छापामारी दल अमनदीप कुमार, अभिषेक कुमार उर्फ टाईगर उर्फ गोलू, हेमन्त गुड़िया और आयुष अनुज कुजूर को खदेड़कर पकड़ा. एक आऱोपी पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया. तलाशी के क्रम में ब्राउन शुगर, आईफोन मोबाईल, गांजा बरामद किया गया. आरोपी ने अपने स्वीकारोक्ति बयान में बताया कि उक्त ब्राउन सुगर एवं गांजा को घटनास्थल से भागने में सफल रहे गिरोह के सरगना के द्वारा बिक्री के लिए उपलब्ध कराया गया है. जिसे इनलोगों के द्वारा रॉची शहर में घूम-घूमकर पुड़िया बनाकर बिक्री किया जाता है. पूछताछ के क्रम में यह ज्ञात हुआ है कि इनका अंतर्राज्यीय सिंडिकेट है, जिनके द्वारा बिहार राज्य के सासाराम जिले से एवं गढ़वा जिले से ब्राउन शुगर खरीद कर रांची शहर में अत्यधिक मुनाफा कमाने के उद्देश्य से प्रति पुड़िया 500 रू० के दर से बेचा जाता है. यह भी ज्ञात हुआ है कि खरीद-बिकी हेतु इस सिंडिकेट के सदस्यों द्वारा ऑनलाईन पेमेंट भी लिया जाता है तथा ब्राउन शुगर के प्रत्येक ग्राम के वजन को “ढेला” कोड वर्ड से परस्पर बोलचाल के लिए प्रयोग में लाया जाता है. ब्राउन शुगर के इस सिंडिकेट के सभी सदस्यों को चिन्हित कर लिया गया है तथा उनकी गिरफ्तारी के लिए छापामारी की जा रही है.
