Ranchi: नौकरी दिलाने का झांसा देकर सिक्योरिटी मनी के नाम पर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले VSK फाउंडेशन रैकेट पर सिमडेगा पुलिस ने शिकंजा कसना तेज कर दिया है. रैकेट के सरगना समेत छह आरोपितों की गिरफ्तारी के बाद अब पुलिस ठगी की रकम का हिसाब खंगालने और आरोपितों की संपत्तियों का पता लगाने में जुटी है. एसपी श्रीकांत एस. खोटरे ने शुक्रवार को तीन थानों में दर्ज मामलों की समीक्षा करते हुए ठगी की राशि पीड़ितों को वापस दिलाने की दिशा में प्रभावी कार्रवाई करने का निर्देश दिया.
तीन थानों में दर्ज हैं करोड़ों की ठगी के मामले
पुलिस के अनुसार, मल्टी लेवल स्कीम के तहत नौकरी दिलाने का प्रलोभन देकर सिक्योरिटी मनी के नाम पर करोड़ों रुपये की ठगी करने वाले संगठित रैकेट का पूर्व में पर्दाफाश किया गया था. इस मामले में सरगना समेत कुल छह आरोपितों को गिरफ्तार किया गया था. रैकेट के खिलाफ बानो थाना कांड संख्या 27/26, कुरडेग थाना कांड संख्या 36/26 और कोलेबिरा थाना कांड संख्या 57/26 दर्ज कर अनुसंधान किया जा रहा है.
ठगी की रकम का मनी ट्रेल खंगालेगी पुलिस
शुक्रवार को एसपी कार्यालय में आयोजित समीक्षा बैठक में तीनों मामलों की अनुसंधान प्रगति, दस्तावेजी एवं इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्य और वित्तीय लेन-देन की विस्तृत समीक्षा की गई. एसपी ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि ठगी की रकम कहां-कहां भेजी गई और उसका इस्तेमाल किन कार्यों में किया गया, इसकी गहन जांच की जाए. इसके लिए मनी ट्रेल का विश्लेषण कर ठगी से अर्जित संपत्तियों का पता लगाया जाए.
आरोपितों की संपत्ति कुर्क करने की तैयारी
एसपी ने निर्देश दिया कि अनुसंधान में सामने आने वाली आरोपितों की संपत्तियों को नियमानुसार कुर्क या अटैच करने की दिशा में आवश्यक कार्रवाई की जाए। साथ ही इस संगठित नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जाए. यदि कोई अन्य व्यक्ति इस ठगी में शामिल पाया जाता है तो उसके खिलाफ भी कानूनी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए.
पीड़ितों को पैसे वापस दिलाना पुलिस की प्राथमिकता
समीक्षा बैठक में एसपी ने विशेष रूप से निर्देश दिया कि ठगी के शिकार सभी पीड़ितों की राशि वापस दिलाने के लिए विधिसम्मत और प्रभावी कार्रवाई को प्राथमिकता दी जाए. अनुसंधान के दौरान मिलने वाले प्रत्येक महत्वपूर्ण तथ्य और साक्ष्य के आधार पर आगे की कार्रवाई तेज करने को कहा गया.
नौकरी के नाम पर रुपये देने से बचने की अपील
सिमडेगा पुलिस ने आम लोगों से अपील की है कि नौकरी दिलाने अथवा किसी संस्था में नियुक्ति कराने के नाम पर बिना समुचित सत्यापन के किसी व्यक्ति या संस्था को पैसे नहीं दें. किसी भी संदिग्ध गतिविधि या ठगी की जानकारी मिलने पर तत्काल नजदीकी थाना अथवा पुलिस को सूचित करें.
बैठक में अपर लोक अभियोजक निशी कच्छप, एसडीपीओ सिमडेगा, पुलिस निरीक्षक कुरडेग एवं बानो अंचल के अधिकारी, संबंधित कांडों के अनुसंधानकर्ता तथा अन्य पुलिस पदाधिकारी उपस्थित थे.
