Ranchi: शंकर नायक हत्याकांड का खुलासा करते हुए रांची के तमाड़ थाना पुलिस ने आरोपी दंपत्ति को गिरफ्तार किया है. मृतक का भाभी के साथ प्रेम-प्रसंग चल रहा था. आरोपी भाभी नही चाहती थी कि देवर का घर बसे इसलिए योजनाबद्ध तरीके से चाय में जहर मिलाकर पिला दी. गिरफ्तार आरोपी में लोधमा थाना क्षेत्र के बलदेव मछुवा और उसकी पत्नी गीता देवी का नाम शामिल है.
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार 9 फरवरी को सूचना मिली कि तमाड़ थाना क्षेत्र के ग्राम लोधमा में एक युवक की जहर खाने से मृत्यु हो गयी है. सूचना पुलिस ग्राम लोधमा पहुँची तो पता चला परिजनों ने युवक शंकर नायक को ईलाज के लिए जमशेदपुर स्थित एमजीएम अस्पताल ले गया है. जहाँ पर चिकित्सक शंकर नायक को जहर खाने के कारण मृत घोषित कर दिया. मृतक के भाई सुकरा नायक के लिखित आवेदन के आधार पर गीता देवी, बलदेव मछुवा, सोहिनी कुमारी के विरूद्ध तमाड़ थाना (कांड सं0-11/26) में नामजद प्राथमिकी दर्ज की गई. अनुसंधान के दौरान पता चला कि मृतक शंकर नायक गीता देवी के चचेरे देवर लगते हैं और करीब 3 वर्ष पूर्व मृतक शंकर नायक के माता पिता की बीमारी के कारण मृत्यु हो गयी, जिसके बाद से गीता देवी ही उसके घर का काम कर दिया करती थी. इसी बीच गीता देवी और शंकर नायक के बीच प्रेम प्रसंग हो गया. जब शंकर नायक शादी करने के लिये लड़की देखने गया तो गीता देवी उसे शादी करने से मना करने लगी. गीता देवी नहीं चाहती थी कि शंकर नायक शादी करके अपना परिवार बसाये. इसी बात से नाराज होकर अपने पति बलदेव मछुवा के साथ मिलकर शंकर नायक के खाने में जहर देकर उसने अपने देवर को जान से मारने की योजना बनायी. इसके बाद तय योजना के अनुसार शंकर नायक को चाय में कीटनाशक दवा (जहर) मिलाकर पीला दिया गया, जिससे उसकी तबीयत बिगड़ी और मुँह से झाग निकलने लगा और उसकी ईलाज के दौरान मृत्यु हो गयी.
