Patna: पाटलिपुत्र सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक के विकास पदाधिकारी के पटना, गोपालगंज में आधा दर्जन कई ठिकानों पर ईओयू ने रेड किया. विकास पदाधिकारी भवेश कुमार सिंह के पटना के रुपसपुर थाना क्षेत्र के रामजयपाल नगर स्थित किराये का आवास पुष्पक रेसिडेंसी अपार्टमेंट के फ्लैट नं0-203, अगमकुआं थाना क्षेत्र के जकरियापुर मोहल्ला में कृष्णा निकेतन स्कूल के समीप गैस गोदाम गली, पहाड़ी पर G+5 भवन, बेला बिहटा स्थित जय माता दी राईस मिल, पाटलिपुत्रा सेंट्रल को-ऑपरेटिव बैंक, एसपी वर्मा रोड अवस्थित कार्यालय, गोपालगंज जिले क माझागढ़ थाना क्षेत्र स्थित जलालपुर, भावना पेट्रोलियम विशम्मरपु में आवासीय औऱ कार्यालयों में रेड किया गया.
भवेश कुमार सिंह द्वारा पटना के बिहटा स्थित जय माता दी राईस मिल बेला को खरीद कर अपने रिश्तेदार को इसका संचालक बनाए जाने तथा गोपालगंज जिले के माझागंढ़ थाना क्षेत्र स्थित ग्राम विशम्भरपुर अपनी पुत्री भावना के नाम पर एक पेट्रोल पम्प खोला गया. इसका संचालन भवेश का भाई राजेश कुमार संचालित करता था. कई बैंकों का पासबुक भी मिले है. जिनमे लगभग 15 लाख रूपये की रकम जमा है. इन बैंक खातों में बहुत बड़ी रकम का लेनदेन किया गया है, जिसका अनुसंधान किया जायेगा. भवेश कुमार सिंह के नाम पर 2 हुन्डई क्रेटा वाहन, एक महेन्द्रा स्कॉर्पियों समेत कई अन्य वाहन खरीदे जाने से संबंधित साक्ष्य मिले है. जिनके संबंध में जानकारी जुटाई जा रही है.
भवेश कुमार सिंह द्वारा अपने रिश्तेदार के नाम खोले गये आरएम इंटरप्राईजेज से संबंधित विभिन्न बैंकों के पासबुक, चेकबुक बरामद किया गया है. आरएम इंटरप्राईजेज के नाम के पाटलिपुत्रा सेन्ट्रल को-ऑपरेटिव बैंक में एक खाता मिला है. जिसमे वर्ष 2025 में 12 से 15 करोड़ का लेनदेन है. भवेश कुमार सिंह द्वारा स्वयं तथा उनकी पत्नी के नाम पर जीवन बीमा में निवेश के कागजात, जेवरात क्रय किये जाने से संबंधित कागजात भी ईओयू को मिले है. साथ ही बरामद नगद राशि जेवरात का मूल्यांकन कराया जा रहा है. बरामद पासबुक से संबंधित बैंक खातों को फ्रिज कराने की कार्रवाई भी की गई है. पाये गये 8 बैंक खातों में लगभग 15 लाख रूपये की राशि जमा पाई गई है. इसके अतिरिक्त भवेश कुमार सिंह के रिश्तेदार के नाम पर खोले गये बैंक खाते से संबंधित अभिलेख भी तलाशी के क्रम में बरामद किया गया है. जिनमे जमा राशि के संबंध में विवरण प्राप्त किया जा रहा है.
रेड के क्रम में यह भी पाया गया है कि भवेश कुमार सिंह ने अपने सेवा अवधि के दौरान पटना के पहाड़ी में जमीन खरीद कर एक आलिशान G+5 भवन बनवाया है. साथ ही उन्होंने अपने पैतृक गाँव के समीप 41 डिसमिल भू-खण्ड भी खरीद किया है. जिसकी कीमत करोड़ों में है. भ्रष्टाचार से अर्जित परिसम्पति को अपने रिश्तेदारों के माध्यम से वैध बनाने के लिए पेट्रोल पम्प, राइस मिल आदि खोला गया है. भवन मूल्यांकन, बैंकों, बीमा, अन्य वित्तीय संस्थाओं में निवेश की गणना के उपरांत आय से अधिक सम्पति में वृद्धि की संभावना है. तलाशी की कार्रवाई जारी है.
आय से 60.68% अधिक सम्पति अर्जित
मिली जानकारी के अनुसार पाटलिपुत्रा सेन्ट्रल को-ऑपरेटिव बैंक के विकास पदाधिकारी भवेश कुमार सिंह द्वारा भ्रष्ट एवं अवैध तरीके से आय अधिक सम्पति अर्जित किया है. भवेश कुमार सिंह वर्ष 2014 में पाटलिपुत्रा सेन्ट्रल को-ऑपरेटिव बैंक में स्केल-1 पर नियुक्त हुए थे. प्राप्त सूचना का सत्यापन पश्चात् ज्ञात हुआ है कि भवेश कुमार सिंह भ्रष्ट एवं अवैध तरीके से आय से 60.68% अधिक सम्पति अर्जित किए है, जिसके आलोक में आर्थिक अपराध थाना (काण्ड संख्या-43/2025) में मामला दर्ज किया गया. भवेश कुमार सिंह वर्ष 2014 में बैंक की सेवा में आये तथा वर्ष 2024 में प्रोन्नत होकर स्केल-3 के पदाधिकारी बने है. भवेश कुमार सिह के विरूद्ध पटना के नौबतपुर थाना में गबन से संबंधित (काण्ड सं0-231/2019) मामला दर्ज है. जो बैंक की राशि गबन किये जाने से संबंधित है.
